मैं सूजी हुई आंखों के साथ घर लौटती थी- अक्षिता मुद्गल

मुंबई। पॉपुलर फैमिली ड्रामा ‘लक्ष्मी निवास’ के हाल के एपिसोड्स में राधिका की ज़िंदगी का एक बेहद मुश्किल दौर देखा। कभी उसकी शादी को लेकर सवाल उठे, तो कभी उसके माता-पिता को समाज के ताने सुनने पड़े। इन सबके बीच राधिका खुद को ऐसी परिस्थितियों में घिरा हुआ पाती है, जिनकी उसने कभी कल्पना भी नहीं की थी। वह उलझन, दर्द और टूटन से जूझती नजर आई।
राधिका का किरदार निभा रहीं अक्षिता मुद्गल के लिए भी इन भावनाओं को रोज़ निभाना आसान नहीं था। राधिका एक मजबूत सोच वाली लड़की है, जो हमेशा सही का साथ देती है और अच्छा करने में विश्वास रखती है। लेकिन उसके आसपास के हालात ऐसे बन गए कि उसे अपने आसपास की हर चीज़ पर सवाल उठाने पड़े। सबसे ज्यादा तकलीफ उसे इस बात से हुई कि उसकी वजह से उसके माता-पिता को दुख और अपमान झेलना पड़ा।
इस भावुक ट्रैक के बारे में बात करते हुए अक्षिता मुद्गल ने कहा, कि राधिका हमेशा से ऐसी लड़की रही है जो अपने हिस्से का हर दर्द सह सकती है, लेकिन जिस पल उसके माता-पिता को उसकी वजह से दुख पहुंचता है या लोग उन पर सवाल उठाते हैं, वहीं वह अंदर से टूट जाती है। एक कलाकार के तौर पर भी रोज़ 12-13 घंटे उस भावनात्मक माहौल में रहना आसान नहीं था। कई दिन ऐसे होते थे जब मैं सूजी हुई आंखों के साथ घर लौटती थी, क्योंकि जब आप किसी किरदार का दर्द इतने लंबे समय तक जीते हैं, तो वह पैक-अप के बाद भी आपके साथ रहता है। लेकिन कहीं न कहीं मुझे लगता है कि राधिका का सफर हमें यह भी याद दिलाता है कि ज़िंदगी चाहे कितनी भी नाइंसाफी क्यों न करे, हमें फिर से खड़े होने की हिम्मत जुटानी चाहिए। मुझे उम्मीद है कि जो लड़कियां खुद को राधिका की कहानी से जोड़ती हैं, उन्हें उसके सफर से हौसला और उम्मीद मिलेगी। गौरतलब है कि ज़ी टीवी पर ‘लक्ष्मी निवास’ सोमवार से शुक्रवार शाम साढ़े सात बजे प्रसारित है।



