प्रधानमंत्री जी के 76वें जन्मदिवस पर वाराणसी में केन्द्रीय रक्षा मंत्री, उ0प्र0 के मुख्यमंत्री, केन्द्रीय खाद्यप्रसंस्करण उद्योग मंत्री तथा आन्ध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर ‘सेवा संकल्प अभियान’ का शुभारम्भ किया

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के 76वें जन्मदिवस के अवसर पर आज जनपद वाराणसी में केन्द्रीय रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी, केन्द्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री श्री चिराग पासवान तथा आन्ध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री एन0 चन्द्रबाबू नायडू ने दीप प्रज्ज्वलित कर ‘सेवा संकल्प अभियान’ का शुभारम्भ किया। उन्होंने वाराणसी से वडनगर जाने वाली बाइक यात्रा का फ्लैग-ऑफ किया। इससे पूर्व, केन्द्रीय रक्षा मंत्री व मुख्यमंत्री जी ने ‘सेवा संकल्प यात्रा अभियान जनसेवा से राष्ट्रसेवा के 25 वर्ष’ विषयक प्रदर्शनी का उद्घाटन तथा अवलोकन किया।
केन्द्रीय रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह जी ने कहा कि ‘जिन्दगी केवल लम्बी ही नहीं, बल्कि बड़ी भी होनी चाहिए’, प्रधानमंत्री जी ने इसे सिद्ध किया। आज प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी का जन्मदिन है। हम सभी उनकी लम्बी आयु की कामना करते हैं। आज जिस यात्रा की शुरुआत हो रही है, यह केवल एक स्थान से दूसरे स्थान तक की यात्रा नहीं है, बल्कि प्रधानमंत्री जी की जन्मभूमि और कर्मभूमि को जोड़ने वाली यात्रा है। एक ओर काशी है, जहां से प्रधानमंत्री जी के सार्वजनिक जीवन को नई ऊर्जा मिली और माँ गंगा का आशीर्वाद प्राप्त हुआ, वहीं दूसरी ओर वडनगर है, जहां उन्हें पूजनीय हीराबेन माँ का आशीर्वाद और संस्कारों की नींव प्राप्त हुई।
इन दोनों स्थानों को जोड़ने के लिए त्रिवेणी के जल को माध्यम बनाया गया है। जिस प्रकार त्रिवेणी की तीन धाराएं मिलकर एक हो जाती हैं, उसी प्रकार वडनगर के संस्कार, काशी का आशीर्वाद और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी का सेवा का संकल्प एक धारा बनकर भारत माता की सेवा के संकल्प को निरन्तर आगे बढ़ा रहा है। इसलिए यह यात्रा संस्कार, साधना और सेवा के संगम की यात्रा भी है। यात्रा का उद्देश्य लोगों से संवाद, विकास के प्रति सबकी सहभागिता को भी समाहित करना है।
केन्द्रीय रक्षा मंत्री ने कहा कि आज अन्तरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की बातों को ध्यान से सुना जाता है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने भारत को नक्सलवाद से मुक्ति दिलाई, जम्मू-कश्मीर से धारा-370 हटाकर भारत को एक किया, संसद में महिलाओं को सम्मान दिलाया। प्रधानमंत्री जी ने लोगों को भारत की संस्कृति और सभ्यता पर गर्व करना सिखाया। प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के माध्यम से लोगों को स्वावलम्बी बनाने का कार्य किया जा रहा है। आज हुनर को वैश्विक सम्मान प्रधानमंत्री जी के प्रयासों से मिला है। आज 03 करोड़ महिलाएं लखपति हुई हैं। जहाँ लोगों की सोचने की शक्ति खत्म होती है, वहीं से सोचने का कार्य प्रधानमंत्री द्वारा किया जाता है।
प्रधानमंत्री जी ने गुजरात को विकास के मामले में आगे बढ़ाते हुए आज वैश्विक प्रदेश बनाया है। गुजरात के गाँवों में प्रधान सर्वसम्मति से चुना जाता है, जिसमें गांव को आगे ले जाने की बात होती है। दुनिया के बाजारों के साथ जोड़ने का कार्य हुआ है। ओ0डी0ओ0पी0 वैश्विक हुए हैं। प्रधानमंत्री जी द्वारा वैश्विक स्तर पर इन ओ0डी0ओ0पी0 का उपहार दिया जाता है। 12 वर्ष पहले किसी ने कल्पना नहीं की थी कि आने वाला दशक भारत को वैश्विक स्तर पर इतना आगे ले जाएगा, यह सब प्रधानमंत्री जी के प्रयासों से सम्भव हुआ है।
केन्द्रीय रक्षा मंत्री ने कहा कि जहाँ चाह है, वहीं राह है। आज भारत की योग परम्परा को पूरी दुनिया अपना रही है। देश-दुनिया को नयी काशी के दर्शन हो रहे हैं। प्रधानमंत्री जी ने पूरी दुनिया को बता दिया है कि भारत के पास वैश्विक स्तर की टेक्नोलॉजी है। नेतृत्व की शक्ति यही होती है। वर्ष 2014 से पूर्व तथा उसके बाद के भारत की तस्वीर देखने पर यह बदलाव दिखेगा। आज भारत 40 हजार करोड़ रुपये से अधिक के रक्षा उत्पादों का निर्यात कर रहा है। युवा 5जी इण्टरनेट चला रहे हैं। भारत में 843 बिलियन डॉलर का इनवेस्टमेंट आया है। प्रधानमंत्री जी ने कभी भी सत्ता को अधिकार नहीं माना है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने प्रधानमंत्री जी के पावन जन्मदिवस पर काशीवासियों एवं प्रदेशवासियों की ओर से उन्हें हृदय से बधाई दी। उन्होंने बाबा विश्वनाथ, माँ गंगा और माँ अन्नपूर्णा से प्रधानमंत्री जी के स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए कहा कि इस वर्ष प्रधानमंत्री जी के सेवा संकल्प के 25 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं। 07 अक्टूबर, 2001 को श्री नरेन्द्र मोदी जी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। तब से बिना रुके, बिना झुके और बिना डिगे ‘चरैवेति-चरैवेति’ के मंत्र के साथ उन्होंने अपनी यात्रा को आगे बढ़ाया। प्रधानमंत्री जी के 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन के सेवा संकल्प को स्मरणीय बनाने के लिए ‘काशी से वडनगर तथा वडनगर से काशी’ यात्रा प्रारम्भ की जा रही है। यह यात्रा ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’, विरासत एवं विकास तथा ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र के साथ आगे बढ़ेगी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि तप, परिश्रम और साधना से प्रधानमंत्री जी ने अपनी गौरवशाली यात्रा को आगे बढ़ाया है। भारत के प्रधानमंत्री के रूप में उनकी यात्रा आज 140 करोड़ भारतवासियों को नए भारत का दर्शन करा रही है। यह ऐसा भारत है, जिस पर हम सभी गौरव की अनुभूति कर सकते हैं। ऐसा भारत, जो सुरक्षित है और दुनिया से आँख से आँख मिलाकर बात करने के लिए स्वयं को तैयार कर चुका है। आज से 75 वर्ष पहले वडनगर से एक सामान्य परिवार में जन्म लेकर भारत के विश्व के लोकप्रिय राजनेता के रूप में प्रधानमंत्री जी की यात्रा आज देश और दुनिया देख रही है। 140 करोड़ भारतवासी प्रधानमंत्री जी के 25 वर्षों की सेवा संकल्प की इस यात्रा में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से सहभागी रहे हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि 25 वर्षों की यह शानदार यात्रा उन गाँवों की बदलती हुई तस्वीर में देखी जा सकती है, जो आज आत्मनिर्भरता की कहानी कह रहे हैं। यह यात्रा उस गरीब के घर में देखी जा सकती है, जिसे आजादी के बाद दशकों तक आवास नहीं मिला, लेकिन प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में 12 वर्षों में 04 करोड़ लोगों को सिर ढकने के लिए एक-एक आवास उपलब्ध कराया गया। यह परिवर्तन नारी गरिमा के साथ भी देखा जा सकता है। जिस नारी को घर में शौचालय न होने के कारण संकोचवश अंधेरे का इंतजार करना पड़ता था, स्वच्छ भारत मिशन के अन्तर्गत भारत में बने 12 करोड़ शौचालय नारी गरिमा के प्रतीक हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यह यात्रा उन नौजवानों के लिए भी है, जिस नौजवान को बिना किसी सिफारिश और बिना किसी लेन-देन के उसकी योग्यता के अनुसार आज नौकरी प्राप्त हो पा रही है। यह यात्रा 25 वर्षों के सेवा संकल्प की उस कहानी को लेकर चल रही है, जो प्रत्येक माता के जीवन में ग्रीन ईंधन की आपूर्ति के लिए प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के माध्यम से 11 करोड़ परिवारों तक पहुँची है। यह उन हजारों गाँवों की कहानी है, जिन्होंने आजादी के बाद दशकों तक बिजली नहीं देखी थी, लेकिन अब वहाँ दूधिया रोशनी से जगमगाती एल0ई0डी लाइट हर घर में चमकती है। गाँव-गाँव में इण्टरनेट की सेवा और बैंकिंग की सुविधा उपलब्ध हो रही है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यह कहानी उस गरीब के जीवन में आए परिवर्तन की है, जिसे गरीबी रेखा से ऊपर उठाकर सामान्य परिवार के रूप में स्थापित करने के लिए प्रधानमंत्री जी ने अथक परिश्रम किया और अपने विजन से उसे सामान्य नागरिक के रूप में जीने का स्वस्थ माहौल उपलब्ध कराया। यह 60 करोड़ लोगों के जीवन में आए परिवर्तन की कथा है, जिन्होंने देश में आयुष्मान भारत योजना के अन्तर्गत 05 लाख रुपये वार्षिक का स्वास्थ्य बीमा कवर प्राप्त किया। यह उन युवाओं के जीवन में आए परिवर्तन की कहानी है, जिन्होंने भारत के स्टार्ट-अप ईको-सिस्टम के माध्यम से नई सम्भावनाओं को प्राप्त किया। अब युवा नौकरी के पीछे नहीं भागेंगे, बल्कि नौकरी देकर अन्य लोगों के जीवन में परिवर्तन लाएंगे। स्टार्ट-अप ईको-सिस्टम ने देश में लाखों नए स्टार्ट-अप स्थापित करके करोड़ों नौजवानों के जीवन में परिवर्तन लाने का काम किया है। कारीगर और हस्तशिल्पी अपनी परम्परागत उद्यमिता को पुनर्जीवित करने में सफलता प्राप्त कर रहे हैं। स्टैण्ड-अप इण्डिया और डिजिटल इण्डिया ने भी देश में परिवर्तन करने का काम किया है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि कोविड कालखण्ड से लेकर अब तक लगातार 80 करोड़ लोगों को निःशुल्क राशन की सुविधा का लाभ दिया जा रहा है। देश में इन्फ्रास्ट्रक्चर के रूप में रोड कनेक्टिविटी, एयर कनेक्टिविटी, रेलवे कनेक्टिविटी, नए भारत की रेल के रूप में वन्दे भारत, अमृत भारत, मेट्रो जैसी पब्लिक ट्रांसपोर्ट सुविधाएँ भारत को आधुनिक टेक्नोलॉजी से जोड़ने में निर्णायक भूमिका निभा रही हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि आज भारत सेमीकण्डक्टर के क्षेत्र में अनेक यूनिट स्थापित करने में सफलतापूर्वक आगे बढ़ा है। भारत क्वाण्टम कम्प्यूटिंग में कार्य कर रहा है। भारत का ए0आई0 मिशन सफलतापूर्वक आगे बढ़ रहा है। भारत ड्रोन टेक्नोलॉजी के हब के रूप में स्वयं को स्थापित कर रहा है। रोबोटिक्स के क्षेत्र में भारत की सफलता नई ऊँचाइयाँ प्राप्त कर रही है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि अब भारत को दुनिया शक की निगाहों से नहीं देखती है। यह नया भारत अपनी विरासत का सम्मान करते हुए उसे साथ लेकर चलता है। विरासत और विकास का यह अद्भुत समन्वय पहली बार भारत में दिखायी दे रहा है। काशी में श्री काशी विश्वनाथ धाम इसका उदाहरण है। 500 वर्षों के बाद अयोध्या में श्रीरामलला का विराजमान होना भी इसी परिवर्तन का प्रतीक है। माँ विन्ध्यवासिनी धाम में नया कॉरिडोर बन गया है। प्रयागराज की धरती पर वर्ष 2019 का कुम्भ तथा वर्ष 2025 का महाकुम्भ नए भारत का दर्शन कराता है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि केदारनाथ में नया केदारपुरी तथा बद्रीनाथ धाम, महाकाल का महालोक आदि नए भारत का नया दर्शन करा रहे हैं। यह विरासत के प्रति हमारा भाव है। योग को वैश्विक मान्यता प्रदान करना हो अथवा कुम्भ को यूनेस्को की मानवता की एक अमूर्त सांस्कृतिक धरोहर के रूप में मान्यता प्रदान करने का कार्य, यह सभी प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में सफलतापूर्वक कही जाने वाली कहानी का हिस्सा हैं।
मुख्यमंत्री जी विश्वास व्यक्त किया कि सेवा संकल्प अभियान के अन्तर्गत निकली यह यात्रा सकारात्मक भाव के साथ ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के विजन, विरासत और विकास के संकल्प तथा ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र के साथ आगे बढ़कर अपनी एक छाप छोड़ेगी और प्रधानमंत्री जी के विजन को धरातल पर उतारने में सफल होगी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रधानमंत्री जी के सेवा संकल्प को स्मरणीय बनाने के लिए आज दो यात्राएँ प्रारम्भ हो रही हैं। वडनगर वह स्थान है, जहाँ आज से 75 वर्ष पहले एक सामान्य परिवार में प्रधानमंत्री जी ने जन्म लिया। गुजरात का वडनगर एक पौराणिक गाँव और कस्बा है, जो हजारों वर्षों की विरासत को अपने साथ समेटे हुए है। गुजरात की पावन नदियों के जल को लेकर वडनगर से 25-25 बाइक पर 10 यात्राएँ प्रारम्भ होंगी। वहीं काशी से उत्तर प्रदेश की 10 पावन नदियों के जल को लेकर 10 यात्राएँ अलग-अलग मार्गों से वडनगर के लिए प्रस्थान करेंगी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यह यात्राएँ काशी के महत्व को 10 राज्यों तक पहुँचाएंगी और वडनगर की यात्रा को भी उन राज्यों तक लेकर जाएंगी। वडनगर में भगवान हाटकेश्वर महादेव के मन्दिर से पावन जल को लेकर यात्रा चलेगी। काशी में बाबा विश्वनाथ का प्रसाद और उत्तर प्रदेश की पवित्र नदियों का जल लेकर इसे वडनगर पहुँचाया जाएगा। काशी का पवित्र जल भगवान हाटकेश्वर महादेव को अर्पित होगा और गुजरात की पावन नदियों का जल बाबा विश्वनाथ को समर्पित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यह यात्रा आज से 07 अक्टूबर तक चलेगी और हमेशा स्मरणीय रहेगी। प्रत्येक दिन यात्रा के दौरान अलग-अलग स्थानों पर 04 बड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे और सेवा संकल्प के अभियान के साथ लोगों को जोड़ा जाएगा। 20 दिन की यात्रा में हर युवा को प्रतिदिन चार बड़े कार्यक्रमों के साथ 100 किलोमीटर की यात्रा से जुड़ने के लिए तैयार रहना है। बाइक से होने वाली यह यात्रा रोमांचक है। इसमें अलग-अलग राज्यों में संवाद करने का अवसर मिलेगा। जनता के साथ संवाद बनाने तथा अनेक प्रकार के सेवा कार्यक्रमों के साथ जुड़ने का अवसर भी प्राप्त होगा।
मुख्यमंत्री जी ने इस पूरी यात्रा के साथ बाइक से चलने वाले सभी युवाओं का अभिनन्दन किया और यात्रा के प्रति अपनी शुभकामनाएँ व्यक्त कीं। उन्होंने कहा कि आगामी 07 अक्टूबर को हम सभी पुनः इस यात्रा का हिस्सा बनेंगे।
केन्द्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री श्री चिराग पासवान ने प्रधानमंत्री जी की कर्मस्थली में अपनी उपस्थिति को गौरव का क्षण बताते हुए कहा कि आज दुनिया के सभी देशों में भारतीयों का सम्मान बढ़ा है, हमारी संस्कृति की पहचान वैश्विक स्तर पर और व्यापक हुई है। प्रधानमंत्री जी दिन-रात कार्य करते हुए विकसित भारत के लक्ष्य की सिद्धि के लिए कार्य कर रहे हैं। युवाओं को उनसे सीख लेते हुए उसका अनुकरण करना चाहिए। आज वैश्विक स्तर पर श्री नरेन्द्र मोदी हमारे सम्मान का नाम हैं।
केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी ने कहा प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में भारत का सम्मान वैश्विक स्तर पर बढ़ा है। एक सामान्य कार्यकर्ता से देश के प्रधानमंत्री तक का उनका सफर बहुत संघर्षों वाला रहा है। वाराणसी से वडनगर तक की यात्रा को प्रतिदिन 60 से 80 जगहों पर स्वागत किया जाएगा। यह यात्रा केवल आयोजन नहीं है, बल्कि ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की परिकल्पना को साकार करेगी।
आन्ध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री एन0 चन्द्रबाबू नायडू ने कहा कि आज मैं काशी की धरती पर आकर गौरवान्वित हूं। काशी विश्व की प्राचीन नगरी के साथ ऊर्जा की नगरी है। काशी ने देश को ऐसा नेता दिया है, जिसके पास वैश्विक स्तर की सोच के साथ विकास की क्षमता है। वह वैश्विक स्तर पर भारत को नई पहचान दिला रहे हैं। प्रधानमंत्री के लिए सेवा ही धर्म है। भारत में अनेकता के बावजूद सभी का लक्ष्य एक है, भारत को प्रधानमंत्री जी की लीडरशिप में आगे ले जाना है। ‘राइट टाइम, राइट लीडर, राइट वर्क इज नरेन्द्र मोदी’।
प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में देश बदल रहा है, देश आगे बढ़ रहा है। 25 करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से बाहर निकाला गया है। 80 करोड़ को राशन, 04 करोड़ को आवास की सुविधा प्रदान की गई है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की धनराशि किसानों के बैंक खाते में सीधे भेजी जा रही है। अन्नदाता मजबूत होगा तो देश मजबूत होगा। ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ योजना अपने आप में बड़ी सोच है।
आन्ध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि यह नया भारत है, यह आत्मनिर्भर भारत है। प्रयागराज महाकुम्भ-2025 में करोड़ों लोगों की सहभागिता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के शानदार प्रयासों से सम्भव हुई। अयोध्या में वर्षों के प्रयासों के बाद श्रीराम मन्दिर को बनाने में सफलता मिली। सड़क नेटवर्क में आज भारत अग्रणी देश है। उन्होंने कहा कि वन नेशन-वन राशन कार्ड के बाद हम वन नेशन-वन इलेक्शन की तरफ देख रहे हैं। आज देश में नदियों को भी जोड़ने का कार्य होने जा रहा है। गंगा, ब्रह्मपुत्र, कावेरी, कृष्णा, गोदावरी को जोड़कर पूरे भारत के पानी की उपलब्धता को पूरा करने को प्रयास किया जाएगा।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में देश एवं प्रदेश में आए सकारात्मक परिवर्तन पर आधारित एक लघु फिल्म प्रदर्शित की गई।
इस अवसर पर श्रम एवं सेवायोजन मंत्री श्री अनिल राजभर, स्टाम्प तथा न्यायालय शुल्क एवं पंजीयन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री रविन्द्र जायसवाल, आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’, सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री जे0पी0एस0 राठौर, एम0एस0एम0ई0 राज्य मंत्री श्री हंस राज विश्वकर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण तथा शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
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