वृंदावन में न सफाई की व्यवस्था और न ही सुरक्षा के इंतजाम

वृंदावन। नगर निगम की लापरवाही से विश्वप्रसिद्ध श्रीधाम वृंदावन आने वाले देशी-विदेशी श्रद्धालुओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। यहां पग-पग पर गंदगी और जलभराव की समस्या उनके सब्र का कड़ा इम्तिहान ले रही है। वह भी तब जब वृंदावन की सफाई व्यवस्था के लिए नगर निगम ने छह एजेंसियों को जिम्मेदारी सौंपी है, जिन्हें प्रतिमाह करोड़ों रुपया दिया जा रहा है। इसके बावजूद नगर परिक्रमा, बांकेबिहारी मंदिर सहित प्रमुख मंदिरों के आसपास गंदगी का आलम है। नियमित सफाई न होने से नगर की नालियां चोक पड़ी हैं। वहीं, जलभराव की समस्या भी आम हो चली है।
नगर में प्रतिदिन एक लाख से अधिक श्रद्धालु आराध्य के दर्शन और भक्ति करने के लिए देश-विदेश से आते हैं। श्रीबांकेबिहारी मंदिर सहित श्रीराधावल्लभ मंदिर, श्रीराधारमण मंदिर, इस्कॉन मंदिर, श्रीराधादामोदर मंदिर, पंचकोसी परिक्रमा मार्ग एवं प्रमख मार्ग की सफाई व्यवस्था के लिए नगर निगम ने छह एजेंसी को जिम्मा सौंपा है। इनमें उज्ज्वल ब्रज, वीबीजी, मैसूर, किंग सिक्योरिटी, नेचर ग्रीन शामिल हैं। उज्ज्वल ब्रज का परिक्रमा मार्ग, लॉइन एजेंसी को छटीकरा से विद्यापीठ तक का मुख्य मार्ग, बीवीजी एजेंसी को श्रीबांकेबिहारी मंदिर क्षेत्र एवं किंग सिक्योरिटी एवं नेचर ग्रीन को आठ वार्ड की सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी दी है। निगम द्वारा प्रतिमाह इन एजेंसियों को लगभग एक करोड़ 16 लाख रुपये दिए जा रहे हैं, लेकिन देशभर से आ रहे श्रद्धालुओं को कदम-कदम पर गंदगी का सामना करना पड़ रहा है।



